स्कूलों की व्यवस्था दुरुस्त होने जा रही है ।शिक्षा व्यवस्था पर मीडिया से बात करते हुए हरियाणा के शिक्षा मंत्री कवँरपाल गुर्जर ने बताया कि जल्द ही प्रदेश में आठवीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाएं शुरू ...........

संस्कृति विद्यालय हो ।आने वाले समय में उस में ब्लॉक में स्कूल होगा कोई भी उसी बिल्डिंग में उसकी शुरुआत करें । कुछ स्कूलों में टीचर्स की बहुत कमी है इसमें हमने पंचायत को अधिकार दिया है कि पंचायत गांव का जो सबसे अच्छा पढ़ा लिखा है इतना पढ़ा लिखा हो ,जो छोटे बच्चों को पढ़ा सकता पंचायत टीचर को रख लेगी ।तीन चार महीने का समय है अभी भर्ती होने में समय लगेगा। हम चाहते है कि हर जगह एक्सपर्ट टीचर ही हो लेकिन जब तक भर्ती होगी वह सारी प्रक्रिया होगी तब तक कुछ तो मिलेगा ।उसकी हमने शुरुआत कर दी है ।उसकी भर्ती भी पंचायत जल्दी ही उसको रखे पंचायत कि हम मदद कर देंगे

स्कूलों की व्यवस्था दुरुस्त होने जा रही है ।शिक्षा व्यवस्था पर मीडिया से बात करते हुए हरियाणा के शिक्षा मंत्री कवँरपाल गुर्जर ने बताया कि जल्द ही प्रदेश में आठवीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाएं शुरू ...........

जल्द ही प्रदेश में शिक्षा के स्तर  स्कूलों की व्यवस्था दुरुस्त होने जा रही है ।शिक्षा व्यवस्था पर मीडिया से बात करते हुए हरियाणा के शिक्षा मंत्री कवँरपाल गुर्जर ने बताया कि जल्द ही प्रदेश में आठवीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाएं शुरूहो सकती है ।ऐसा निर्णय सरकारी स्कूलों में शिक्षा के गिरते स्तर में सुधार लाने के लिये किया जा रहा है।साथ ही इंफ्रास्ट्रक्चर में भी जल्द ही सुधार होगा इसके लिए पूरे प्रदेश के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए गए है कि जल्द ही रिपोर्ट तैयार कर भेजी जाए ताकि जल्द ही सब जगह कमियां दूर हो सके।वही जहाँ छोटे छोटे काम है चाहे वो चार दीवारी, सफ़ेदी रंग रोगन,शौचालय ऐसी छोटी छोटी कमियों को दूर करने के लिए 4 महीने का टारगेट रखा गया है ।वही जो जर्जर भवन है या नया भवन निर्माण है वो सभी 2 साल तक पूरे कर लिए जाएंगे।वही निजी स्कूलो कि मनमानी भी अब प्रदेश में नही चलेगी इसके लिए भी कदम उठाए जा रहे है ।साथ ही अब हर ब्लॉक स्तर पर संस्कृति विद्यालय खोले जाएंगे।टीचरों की कमी को पूरा करने के लिए फिलहाल जबतक नई भर्ती नही होती तब तक पंचायत पढ़े लिखे जो स्कूल के बच्चो को पढ़ा सके ऐसे टीचर्स को रख सकती है ।अब सरकारी स्कूलों की व्यवस्था होगी दुरुस्त।ठंड में नही बैठेंगे बच्चे ज़मीन पर,नए भवन निर्माण होंगे ,इंफ्रास्ट्रक्चर में होगा सुधार, इसके लिए पर सरकार द्वारा हर सम्भव प्रयास किया जा रहा है।वही आठवी की कक्षा एक फिर से बोर्ड ही होने जा रही है ।शिक्षा मंत्री कवँरपाल ने बताया कि इस प्रकार का एक निर्णय लिया है इसकी वजह से बहुत शिक्षा के स्तर में बहुत गिरावट आई थी ।छोटे बच्चे हैं आप उनसे इस प्रकार की कोई मैच्योर हो नहीं कर सकते ।अगर मान लीजिए आप ने उनका टेस्ट खत्म कर दिया, वह ज्यादातर यही समझते हैं कि पास तो हो ही जाना है क्या जरूरत है ।साथ ही उन्होंने एक उदाहरण देते हुए बताया कि मुझे एक रिटायर्ड प्रिंसिपल मिले थे उन्होंने मुझे एक बात सुनाई थी बहुत अच्छी ,एक बच्चे की माताजी बच्चे का पेंसिल सारा स्कूल का सामान तैयार कर के  दे रहे थे कि आपका पेपर है तो बच्चे ने अपनी माता जी को  कहा कि काहे के लिए आप परेशान हो रहे हैं फेल तो होना ही नहीं पास तो हो ही जाना है। फेल तो कोई भी नहीं होता इसकी क्या जरूरत है। ऐसी उन्होंने एक उदाहरण के तौर पर मुझे बात सुनाई थी। उस मैं समझता हूं की गम्भीरता नष्ठ होती है। अगर बच्चे के ऊपर थोड़ा ही रहेगा कि आपका टेस्ट होगा और यह जरूरी है।तो स्वभाविक है कि वह ज्यादा ध्यान से पढ़ेगा उसकी बहुत बड़ी जरूरत थी इस पर विचार किया गया है ।और इस पर जल्दी से इसकी शुरुआत हम करेंगे ।ताकि शिक्षा के स्तर में और सुधार हो इसके लिए प्रयास हमने शुरू कर दी दिए हैं जिस प्रकार से प्रदेश में शिक्षा के स्तर को सुधारा जा रहा है लेकिन कई जगह पर जो इंफ्रास्ट्रक्चर है  उसकी कमी है कई जगह पर ठंड में बच्चे जमीन पर बैठकर पढ़ते हैं कहीं जगह पर पर्याप्त बिल्डिंग नहीं है तो इन सब को लेकर क्या किया जा रहा है ।इस शिक्षा मंत्री ने कहा कि जिले के सभी शिक्षा अधिकारियों को कहा गया है कि वह जो भी कमियां है उसकी एक रिपोर्ट तैयार करके दें लिख कर दे। अभी हमने कुछ 4 महीने के अंदर हमको चीजें कंप्लीट करें स्कूलों की चारदीवारी 4 महीने का टारगेट रखा है टॉयलेट है कहीं-कहीं सफेदी का काम है छोटे-छोटे काम है उसको हमने 4 महीने में पूरा करने का टारगेट रखा है।वही जहां पर कुछ स्कूलों की बिल्डिंग टूटी हुई है या जर्जर अवस्था में है यहां कम है जल्दी उसको पूरा करवाया जाएगा। जर्जर अवस्था में उसकी व्यवस्था के लिए  सारे काम में समय लगता है। छोटे काम को तुरंत कर देंगे ।दूसरे बड़े काम है