नागरिक संशोधन एक्ट का विरोध करने वालों को घर पर तिरंगा लहराने की सलाह देने वाले अवैसुद्दीन ओवैसी को हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने दी नसीहत   .........

अंबाला वासियों को इस हनुमंत उपासना उतसव का लाभ भी मिलेगा । वहीँ स्वामी अवधेशानंद जी ने कहा कि पिछले तीस वर्षों से हर वर्ष की तरह 22 दिसंबर को यह उत्सव मनाया जाता है । इस बार मुख्यमंत्री और अनिल विज को भी यहाँ आने का मौक़ा मिला है । इससे देश में प्रगति, उन्यन, एक विशेष प्रकार का उत्साह मिलता है ।

नागरिक संशोधन एक्ट का विरोध करने वालों को घर पर तिरंगा लहराने की सलाह देने वाले अवैसुद्दीन ओवैसी को हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने दी नसीहत   .........

नागरिक संशोधन एक्ट का विरोध करने वालों को घर पर तिरंगा लहराने की सलाह देने वाले अवैसुद्दीन ओवैसी को हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने नसीहत दी है । सीएम ने कहा तिरंगा तो सबको लहराना चाहिए । तिरंगा लगाने से सबके मन में सद्भावना जागेगी और देश के प्रति प्रेम की भावना जागेगी । अगर ओवैसी अपने घर पर तिरंगा लगाएगा तो उसे सदबुद्धि आ जाएगी हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर और गृहमंत्री अनिल विज आज प्रभु प्रेमी आश्रम में जूना पीठाधीश्वर स्वामी अवधेशा नंद द्वारा आयोजित हनुमंत आराधना उत्सव में शिरकत करने आये थे । इस मौके पर सीएम ने "नागरिक संशोधन एक्ट" का विरोध करने वाले अवैसुद्दीन ओवैसी को नसीहत देते हुए कहा कि तिरंगा तो सबको लगाना चाहिए, क्योंकि तिरंगा लगाने से सबके मन में एक सदभावना जगती है । मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि इससे देश के प्रति प्रेम की भावना जागेगी और तिरंगे की जो भावना है उससे ही सबको चलना चाहिए इसमें कोई दो मत नहीं है ।उन्होंने कहा कि चाहे ओवैसी या कोई वैसे ही हो अगर अवैसुद्दीन ओवैसी अपने घर पर तिरंगा लगाएगा तो उसे सद्बुद्धि आ जाएगी ।क्योंकि नागरिक संशोधन एक्ट का विरोध करने वालों को घर पर तिरंगा लहराने की अवैसुद्दीन ओवैसी ने सलाह दी थी । इस उत्सव की समाप्ति पर मुख्यमंत्री खट्टर ने कहा कि संत जानो के सानिध्य में इस प्रकार के कार्यक्रमों से हर किसी को लाभ मिलता है और स्वामी अवधेशानंद जी के आश्रम में आने से मुझे नहीं मौक़ा मिलता है मैं उनको मिलने भी आता हूँ । अंबाला वासियों को इस हनुमंत उपासना उतसव का लाभ भी मिलेगा । वहीँ स्वामी अवधेशानंद जी ने कहा कि पिछले तीस वर्षों से हर वर्ष की तरह 22 दिसंबर को यह उत्सव मनाया जाता है । इस बार मुख्यमंत्री और अनिल विज को भी यहाँ आने का मौक़ा मिला है । इससे देश में प्रगति, उन्यन, एक विशेष प्रकार का उत्साह मिलता है ।